عن جابر بن عبد الله رضي الله عنهما عن النبي صلى الله عليه وسلم قال:
«كُلُّ مَعْرُوفٍ صَدَقَةٌ».

[صحيح] - [رواه البخاري من حديث جابر، ورواه مسلم من حديث حذيفة] - [صحيح البخاري: 6021]
المزيــد ...

जाबिर बिन अब्दुल्लाह रज़ियल्लाहु अनहुमा का वर्णन है कि अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने फ़रमाया :
"भलाई का प्रत्येक कार्य सदक़ा है।"

[स़ह़ीह़] - [इसे बुख़ारी ने जाबिर (रज़ियल्लाहु अन्हु) से और मुस्लिम ने हुज़ैफ़ा (रज़ियल्लाहु अन्हु) से रिवायत किया है] - [सह़ीह़ बुख़ारी - 6021]

स्पष्टीकरण

अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम बता रहे हैं कि हर प्रकार का उपकार तथा दूसरों को लाभान्वित करने का प्रयास, चाहे कथन के रूप में हो या कार्य के रूप में, सदक़ा है और उसका प्रतिफल मिलेगा।

हदीस के कुछ फ़ायदे

  1. सदक़ा केवल धन का एक भाग निकालने का ही नाम नहीं है, बल्कि उसके अंदर अपने कथन तथा कार्य द्वारा दूसरे का किया जाने वाला हर भला काम शामिल है।
  2. इस हदीस में दूसरों का भला करने और लाभ पहुँचाने की प्रेरणा दी गई है।
  3. किसी भी अच्छे काम को हेय दृष्टि से नहीं देखना चाहिए, चाहे वह थोड़ा ही क्यों न हो।
अनुवाद दिखाएँ
भाषा: الإنجليزية الأوردية الإسبانية अधिक (68)
अधिक