عن سهل بن سعد رضي الله عنه عن رسول الله صلى الله عليه وسلم قال:
«مَنْ يَضْمَنْ لِي مَا بَيْنَ لَحْيَيْهِ وَمَا بَيْنَ رِجْلَيْهِ أَضْمَنْ لَهُ الْجَنَّةَ».

[صحيح] - [رواه البخاري] - [صحيح البخاري: 6474]
المزيــد ...

सह्ल बिन साद रज़ियल्लाहु अनहु का वर्णन है कि अल्लाह के रसूल सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने फ़रमाया :
"जो मुझे दोनों दाढ़ों के बीच तथा दोनों पैरों के बीच (के अंगों) की गारंटी दे दे, मैं उसे जन्नत की गारंटी देता हूँ।"

[स़ह़ीह़] - [इसे बुख़ारी ने रिवायत किया है] - [सह़ीह़ बुख़ारी - 6474]

स्पष्टीकरण

अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने दो बातें बताई हैं, जिनका ख़्याल रखने वाला जन्नत में प्रवेश करेगा।
1- ज़बान को ऐसी बातों से सुरक्षित रखना, जिनसे अल्लाह नाराज़ होता है।
2- शर्मगाह को व्यभिचार से सुरक्षित रखना।
क्योंकि शरीर के इन दोनों अंगों से ही अधिकतर गुनाह होते हैं।

हदीस के कुछ फ़ायदे

  1. ज़बान तथा शर्मगार की रक्षा करना, जन्नत में प्रवेश दिलाता है।
  2. आपने विशेष रूप से ज़बान तथा शर्मगाह का उल्लेख इसलिए किया है, क्योंकि यह दोनों अंग दुनिया एवं आख़िरत की आज़माइश के सबसे बड़े स्रोत हैं।
अनुवाद दिखाएँ
भाषा: الإنجليزية الأوردية الإسبانية अधिक (69)
अधिक