عَنِ شُرَيْحٍ بنِ هانِئٍ قَالَ:
سَأَلْتُ عَائِشَةَ، قُلْتُ: بِأَيِّ شَيْءٍ كَانَ يَبْدَأُ النَّبِيُّ صَلَّى اللهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ إِذَا دَخَلَ بَيْتَهُ؟ قَالَتْ: بِالسِّوَاكِ.

[صحيح] - [رواه مسلم] - [صحيح مسلم: 253]
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शुरैह बिन हानी से रिवायत है, वह कहते हैं :
मैंने आइशा रज़ियल्लाहु अनहा से पूछा कि अल्लाह के नबी -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- जब घर आते, तो सबसे पहले कौन-सा काम करते थे? उन्होंने उत्तर दिया : आप सबसे पहले मिसवाक किया करते थे।

[स़ह़ीह़] - [इसे मुस्लिम ने रिवायत किया है] - [सह़ीह़ मुस्लिम - 253]

व्याख्या

अल्लाह के नबी -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- का मामूल था कि घर में प्रवेश करने के बाद सबसे पहले मिस्वाक करते। समय चाहे जो भी हो। रात हो कि दिन।

हदीस का संदेश

  1. वैसे तो मिस्वाक करना सभी समयों में वांछित है, लेकिन कुछ समयों में उसकी ताकीद है, जिनमें शरीयत ने मिस्वाक करने की ताकीद की है। जैसे घर में प्रवेश करते समय, नमाज़ के समय, वज़ू के समय, नींद से जागते समय और मुँह का गंध बदल जाने पर।
  2. ताबेईन अल्लाह के नबी -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- के हालात और सुन्नतों को जानने की बड़ी जिज्ञासा रखते थे, ताकि आपका अनुसरण कर सकें।
  3. ज्ञान तथा अपने से अधिक जानकारी रखने वालों से ज्ञान अर्जित करने की प्रेरणा। यहाँ आइशा रज़ियल्लाहु अनहा से पूछा गया है कि अल्लाह के नबी -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- घर में प्रवेश करते समय किस अवस्था में होते थे?
  4. घर वालों के साथ जीवन बिताने का अल्लाह के रसूल -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- का सुंदर तरीक़ा कि घर में प्रवेश करते समय मुँह साफ़ कर लिया करते थे।
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