1. मुख्य
  2. श्रेणियाँ
  3. फ़ज़ीलतें तथा आदाब

हदीस अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) की ऊँटनी अ़ज़बा से कोई आगे नहीं जा सकता था

عن أنس رضي الله عنه قَالَ: كَانَتْ ناقةُ رسولِ اللهِ صلى الله عليه وسلم العضْبَاءُ لاَ تُسْبَقُ، أَوْ لاَ تَكَادُ تُسْبَقُ، فَجَاءَ أعْرَابيٌّ عَلَى قَعودٍ لَهُ، فَسَبَقَهَا، فَشَقَّ ذَلِكَ عَلَى الْمُسْلِمِينَ حَتَّى عَرَفَهُ، فَقَالَ: "حَقٌّ عَلَى اللهِ أنْ لاَ يَرْتَفِعَ شَيْءٌ مِنَ الدُّنْيَا إِلاَّ وَضَعَهُ".

अनस (रज़ियल्लाहु अनहु) से रिवायत है, उन्होंने कहा कि अल्लाह के नबी (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) की एक ऊँटनी थी, जिसे अ़ज़बा कहा जाता था । कोई ऊँटनी उसके आगे नहीं बढ़ सकती थी। आख़िर एक देहाती नौजवान ऊंट पर सवार होकर आया और उससे आगे निकल गया । मुसलमानों को यह बात अरुचिकर लगी यहाँ तक कि आपने उनकी नागवारी पहचान ली और फ़रमाया कि अल्लाह पर हक़ है, दुनिया की जो चीज़ ऊँची हो, उसे नीची कर दे।

सह़ीह़ इसे बुखारी ने इन्हीं जैसे शब्दों के साथ रिवायत किया है ।

स्पष्टीकरण

अनुवाद दिखाएँ

14 भाषा
EN English الإنجليزية
UR اردو الأوردية
ES Español الإسبانية
ID Indonesia الإندونيسية
BN বাংলা البنغالية
FR Français الفرنسية
TR Türkçe التركية
RU Русский الروسية
BS Bosanski البوسنية
SI සිංහල السنهالية
ZH 中文 الصينية
FA فارسی الفارسية
TL Tagalog تجالوج
KU Kurdî الكردية