عن أبي موسى الأشعري رضي الله عنه مرفوعاً: «جَنَّتانِ مِن فِضَّةٍ آنِيَتُهما، وما فيهما، وجَنَّتانِ مِن ذَهَبٍ آنِيَتُهما، وما فيهما، وما بين القومِ وبين أنْ ينظروا إلى ربِّهم إلَّا رِداءُ الكِبْرِياءُ على وجهِه في جَنَّة عَدْنٍ». المزيد
अबू मूसा अशअरी (रज़ियल्लाहु अन्हु) से रिवायत है कि नबी (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) ने फ़रमाया : “दो जन्नतें ऐसी हैं, जो चाँदी की हैं। उनके बरतन तथा उनकी सारी वस्तुएँ चाँदी की हैं। जबकि दो जन्नतें ऐसी हैं, जो सोने की हैं। उनके बरतन एवं दूसरी सारी वस्तुएँ सोने की हैं। अदन नामी जन्नत में लोगों और उनके रब के दर्शन के बीच केवल अल्लाह के चहरे पर पड़ी बड़ाई की चादर का परदा होगा।”