भाग्य एवं नियति के मसायल

9हदीसों की सूची

हदीसों की सूची 9

जिसके साथ अल्लाह भलाई का इरादा करता है, उसे मुसीबतों में डालकर आज़माता है।
“शक्तिशाली मोमिन कमज़ोर मोमिन के मुकाबले में अल्लाह के समीप अधिक बेहतर तथा प्रिय है, किंतु प्रत्येक के अंदर भलाई है।
अगर तुम उहुद पर्वत के बराबर भी सोना खर्च कर दो तो अल्लाह उसे ग्रहण नहीं करेगा, जब तक तक़दीर पर ईमान न रखो और इस बात पर विश्वास न रखो कि जो चीज़ तुम्हें मिलने वाली है, वह तुम्हारे हाथ से निकल नहीं सकती और जो तुम्हें नहीं मिलने वाली, वह तुम्हारे हाथ लग नहीं सकती। अगर तुम इसके सिवा किसी और आस्था पर मरोगे तो जहन्नम में प्रवेश करने वालों में शामिल हो जाओगे।
जब अल्लाह किसी बंदे के साथ भलाई चाहता है, तो उसकी मृत्यु से पहले उस से अच्छे कार्य करवाता है।
जब तुम्हें धरती के किसी भाग में ताऊन (प्लेग) फैलने का समाचार मिले, तो वहाँ न जाओ और यदि ऐसी जगह फैले जहाँ तुम (पहले से) उपस्थित हो, तो फिर वहाँ से न भागो।
अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) ने हमसे जो नेक वचन लिए थे कि हम उनमें से किसी में भी आपकी अवज्ञा न करें, वे यह थे कि हम न चेहरे को नोचें और न ही हाय बर्बादी! हाय बर्बादी! पुकारें और न गरीबान फाड़ें और न बालों को नोचें
जब अल्लाह ने आदम को पैदा किया, तो उनकी पीठ पर हाथ फेरा और उनकी पीठ से वह सारी रूहें (आत्माएँ) निकल आईं, जिन्हें अल्लाह उनकी नस्ल से क़यामत तक पैदा करेगा
जब अल्लाह किसी बंदे को किसी स्थान में मृत्यु देना चाहता है, तो वहाँ उसकी कोई ज़रूरत रख देता है।
अल्लाह के रसूल -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- ने मुसीबत के समय चीख़-चीख़ कर रोने वाली, बाल मुँडवाने वाली और कपड़े फाड़ने वाली औरतों से अपने बरी होने का एलान किया है।