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हदीस कुछ ग़रीब लोगों के एक गुलाम ने कुछ अमीर लोगों के एक गुलाम का कान काट दिया। अतः, उसके घर वाले नबी -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- के पास आए और कहने लगे कि ऐ अल्लाह के रसूल! हम निर्धन लोग हैं। चुनांचे आपने कोई जुर्माना नहीं लगाया।

عن عمران بن حصين أن غلامًا لأناس فقراء قطع أذُنَ غُلَامٍ لأناس أغنياء، فأتى أهله النبي صلى الله عليه وسلم ، فقالوا: يا رسول الله، إنا أناس فقراء. «فلم يجعل عليه شيئًا».

इमरान बिन हुसैन -रज़ियल्लाहु अन्हु- से वर्णित है कि कुछ ग़रीब लोगों के एक गुलाम ने कुछ अमीर लोगों के एक गुलाम का कान काट दिया। अतः, उसके घर वाले नबी -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- के पास आए और कहने लगे कि ऐ अल्लाह के रसूल! हम निर्धन लोग हैं। चुनांचे आपने कोई जुर्माना नहीं लगाया।

सह़ीह़ इसे नसाई ने रिवायत किया है। - इसे अबू दाऊद ने रिवायत किया है। - इसे अह़मद ने रिवायत किया है।

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