जब आदमी अपने घर में प्रवेश करता है और प्रवेश करते समय एवं खाना खाते समय अल्लाह का नाम लेता है, तो शैतान अपने साथियों से कहता है : यहाँ न तुम्हारे लिए रात बिताने का स्थान है और न रात के खाने का प्रबंध
जिसने ( घर से निकलते समय) कहाः 'بِسم الله تَوَكَّلتُ على اللهِ، وَلاَ حول ولا قُوَّة إِلَّا بالله' (अर्थात, अल्लाह के नाम से, मैंने अल्लाह पर भरोसा किया तथा अल्लाह के सिवा कोई शक्ति और कोई ताक़त नहीं है।) उससे कहा जाता हैः तुझे मार्ग दिखा दिया गया, तुझे राहत दे दी गई तथा तुझे सुरक्षित कर दिया गया तथा शैतान उससे दूर हट जाता है।